पीएम मोदी ने छत्तीसगढ़ को ₹14,000 करोड़ की सौगात दी, 25 साल की यात्रा पर दिया ज़ोर

प्रधानमंत्री ने छत्तीसगढ़ के 25वें स्थापना दिवस (रजत जयंती) पर आयोजित समारोह में भाग लिया और ₹14,000 करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास किया।
सौगातें और विकास:
- परियोजनाएं: नई विधानसभा भवन और शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का उद्घाटन किया गया।
- बुनियादी ढांचा: सड़कों का नेटवर्क 40,000 किलोमीटर तक फैला, और वंदे भारत ट्रेनों व डायरेक्ट फ्लाइट्स से कनेक्टिविटी बेहतर हुई। नागपुर-झारसुगुड़ा गैस पाइपलाइन राष्ट्र को समर्पित की गई।
- गरीब कल्याण: एक ही दिन में 3.5 लाख से अधिक गरीबों को पक्के घरों में गृह-प्रवेश कराया गया। राज्य में मेडिकल कॉलेजों की संख्या 1 से 14 हो गई है। आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्थापित किए गए हैं।
- आदिवासी विकास: ₹80,000 करोड़ की ‘धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान’ और पीएम-जनमन योजना के माध्यम से आदिवासियों के विकास पर ध्यान केंद्रित किया गया है।
मुख्य संदेश:
- 25 साल का सफर: प्रधानमंत्री ने इस यात्रा को ‘विकास का वट वृक्ष’ बताया और कहा कि वह राज्य के निर्माण के साक्षी रहे हैं। उन्होंने जनता से अगले 25 साल के ‘नए युग के सूर्योदय’ के लिए संकल्प लेने को कहा।
- नक्सलवाद पर सफलता: उन्होंने बताया कि माओवादी आतंक अब 125 जिलों से घटकर सिर्फ 3 जिलों तक सिमट गया है, और इस चुनौती का जल्द ही पूरी तरह से खात्मा होगा। उन्होंने सैकड़ों नक्सलियों के आत्मसमर्पण की जानकारी दी।
- भविष्य की गारंटी: उन्होंने राज्य के युवाओं को विश्वास दिलाया कि केंद्र सरकार विकसित छत्तीसगढ़ के लक्ष्य को हासिल करने में उनके साथ खड़ी है।



