पुरी रथ यात्रा में उमड़ा जनसैलाब, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर ओडिशा पुलिस की विशेष एडवाइजरी जारी

ओडिशा के पुरी में आयोजित विश्व प्रसिद्ध भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की अप्रत्याशित भीड़ को देखते हुए राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) वाईबी खुरानिया ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण परामर्श जारी किया है। डीजीपी ने जनहित में अपील करते हुए कहा है कि सुरक्षा और स्वास्थ्य संबंधी संभावित जोखिमों के मद्देनजर श्रद्धालु अपने साथ नवजात शिशुओं, बुजुर्गों और अस्वस्थ व्यक्तियों को पुरी न लाएं। उन्होंने सभी दर्शनार्थियों से प्रशासन द्वारा समय-समय पर जारी किए जा रहे निर्देशों का पूरी निष्ठा से पालन करने का आग्रह किया है।
मीडिया से औपचारिक चर्चा के दौरान पुलिस महानिदेशक ने स्पष्ट किया कि एक से दो वर्ष तक के छोटे बच्चों को इस भारी भीड़ में लाना उनके स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए अत्यंत संवेदनशील साबित हो सकता है। अत्यधिक जनसमूह के कारण बच्चों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है, इसलिए अभिभावकों को फिलहाल उन्हें साथ लाने से बचना चाहिए।
पुरी की वर्तमान स्थिति का विवरण देते हुए डीजीपी खुरानिया ने बताया कि इस समय समूचा पुरी शहर और विशेष रूप से ग्रैंड रोड (बड़ा दांडा) लाखों की संख्या में आए श्रद्धालुओं से पूरी तरह भरा हुआ है। विभिन्न मार्गों से श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला लगातार जारी है, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्ति और उल्लास का अभूतपूर्व माहौल बना हुआ है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि रथ यात्रा के गरिमामयी, शांतिपूर्ण और सुचारु संचालन के लिए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात के व्यापक इंतजाम किए हैं, जिसके लिए जनता का सहयोग अनिवार्य है।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर की गई कार्रवाई की जानकारी देते हुए पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पुरी जिला पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाकर भीड़ का फायदा उठाने वाले 103 झपटमारों को धर-दबोचा है। कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने इन अपराधियों के पास से श्रद्धालुओं के चोरी किए गए 203 मोबाइल फोन भी सफलतापूर्वक बरामद कर लिए हैं।
अधिकारियों के मुताबिक, कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ा दांडा, श्री जगन्नाथ मंदिर परिसर, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, विभिन्न पार्किंग स्थलों और समुद्र तट जैसे अत्यधिक भीड़भाड़ वाले संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस की विशेष टीमें दिन-रात मुस्तैद हैं। संदिग्ध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए अत्याधुनिक तकनीक, सीसीटीवी कैमरों के नेटवर्क और खुफिया इनपुट का निरंतर उपयोग किया जा रहा है। इसके साथ ही, स्थानीय पुलिस ने सभी श्रद्धालुओं से यह भी अनुरोध किया है कि वे सार्वजनिक स्थानों पर अपने मोबाइल, पर्स और आभूषणों जैसी कीमती वस्तुओं की सुरक्षा के प्रति स्वयं भी पूरी तरह सजग रहें।



