‘दंड नहीं न्याय’ का संकल्प: BNSS और ई-जीरो एफआईआर से साइबर ठगों के खिलाफ मजबूत होगा कानूनी शिकंजा

ग्वालियर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘साइबर सुरक्षित भारत’ के विजन को धरातल पर उतारते हुए मध्यप्रदेश ने ई-जीरो एफआईआर प्रणाली अपनाई है। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 173 के तहत कानूनी मान्यता प्राप्त यह व्यवस्था नेशनल साइबरक्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) और CCTNS को एकीकृत करती है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार, साइबर स्वच्छता को संस्कृति बनाने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है। ई-जीरो एफआईआर की प्रक्रिया पांच चरणों में पूरी होती है, जिसमें 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत से लेकर स्वतः एफआईआर जनरेशन और 3 दिन के भीतर नियमित एफआईआर में परिवर्तन शामिल है। यह तकनीक पुलिस को अपराधियों से एक कदम आगे रखने और साक्ष्यों को तुरंत सुरक्षित करने में मदद करेगी।


