हॉर्मुज जलडमरूमध्य के पास पोत ‘एमटी ऑन पीस’ पर हमले में जख्मी भारतीय दल स्वास्थ्य लाभ ले रहा: भारतीय दूतावास

पनामा के ध्वज तले संचालित मालवाहक जहाज ‘एमटी ऑन पीस’ पर ओमान के समुद्री इलाके में हुए हमले में घायल हुए भारतीय कर्मी अब खतरे से बाहर हैं और तेजी से स्वस्थ हो रहे हैं। ओमान स्थित भारतीय दूतावास ने शुक्रवार को पुष्टि की कि चिकित्सीय देखरेख में रखे गए सभी जख्मी नाविकों के स्वास्थ्य में उल्लेखनीय सुधार हो रहा है।
भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ के जरिए ओमान सरकार की तत्परता और समय पर मिले सहयोग के प्रति आभार प्रकट किया। दूतावास के अनुसार, ओमानी अधिकारियों की त्वरित सहायता से ही घायल सदस्यों को जहाज से सुरक्षित निकालकर खासाब, सोहार और मस्कट के चिकित्सालयों में भर्ती कराना संभव हो सका। भारतीय मिशन ने यह भी स्पष्ट किया कि वह उपचाराधीन नाविकों की स्वास्थ्य स्थिति की निरंतर निगरानी कर रहा है और उनके परिवारों, संबंधित नौवहन कंपनियों, चिकित्सकों तथा ओमान के प्रशासनिक अधिकारियों के साथ सतत समन्वय में है।
उल्लेखनीय है कि मंगलवार को भारत के विदेश मंत्रालय ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य पार कर रहे इस व्यावसायिक पोत पर प्रोजेक्टाइल (गोले या मिसाइल) से किए गए हमले की कड़ी भर्त्सना की थी। मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, जहाज पर मौजूद कुल 19 सदस्यों में से 17 भारतीय नागरिक थे। इस हमले में कुल 12 सदस्य घायल हुए, जिनमें 11 भारतीय शामिल हैं। प्रारंभिक चरण में ओमान के सहयोग से कर्मियों को खासाब के अस्पताल पहुंचाया गया था, जिस पर भारत ने ओमान प्रशासन को औपचारिक रूप से धन्यवाद ज्ञापित किया था।
क्षेत्रीय सुरक्षा पर गहरा रोष व्यक्त करते हुए विदेश मंत्रालय ने दोहराया कि समुद्री गलियारों में व्यापारिक जहाजों पर हो रहे सिलसिलेवार हमले गंभीर चिंता उत्पन्न करते हैं। भारत ने क्षेत्रीय स्थिरता और शांति बनाए रखने के लिए इस तरह की हिंसक कार्रवाइयों पर अविलंब पूर्ण विराम लगाने का आह्वान किया है। मंत्रालय का कहना है कि व्यापारिक जहाजों, नाविकों और नागरिक प्रतिष्ठानों को निशाना बनाना किसी भी हाल में बंद होना चाहिए, जिससे वैश्विक जलमार्गों पर सामान्य नौवहन और व्यापारिक आवागमन पूर्ववत बहाल हो सके।



