मौसम अपडेट :

मौसम का यू-टर्न: वेस्टर्न डिस्टरबेंस से कांप रहा उत्तर भारत, लेकिन फरवरी में ‘हीटवेव’ जैसे हालात की आहट
नई दिल्ली: उत्तर भारत इस समय दोहरी मौसमी मार झेल रहा है। एक तरफ जहाँ हिमालयी क्षेत्रों में भारी बर्फबारी और मैदानी इलाकों में ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है, वहीं दूसरी तरफ मौसम विभाग ने फरवरी में गर्मी बढ़ने की चेतावनी दी है।
पहाड़ों पर बर्फबारी, मैदानों में पानी: उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से पारा गिर गया है। काल्पा में तापमान -0.4 डिग्री दर्ज किया गया। अगले 2 दिनों तक उत्तर-पश्चिम और हिमालयी क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी का दौर जारी रहेगा। दिल्ली-एनसीआर में भी बादल छाए रहने और हल्की बारिश की संभावना है।
बदलते मौसम के पीछे का कारण: IMD डायरेक्टर के अनुसार, ला-नीना का प्रभाव कम हो रहा है, जिसका सीधा असर तापमान पर पड़ेगा। 15 फरवरी के बाद से राजस्थान जैसे राज्यों में गर्मी का अहसास होने लगेगा। हालांकि, झारखंड और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में अगले 4 दिनों में तापमान 3 से 4 डिग्री तक बढ़ने की उम्मीद है, जिससे ठंड से राहत मिलेगी।
संक्षिप्त बुलेटिन:
-
पंजाब और दिल्ली: अमृतसर देश का सबसे ठंडा शहर रहा (5.9 डिग्री)। दिल्ली में AQI 278 दर्ज किया गया, यहाँ ठंड में मामूली कमी आई है।
-
उत्तर प्रदेश: पूर्वांचल में भीषण कोहरा है, जबकि पश्चिमी यूपी में ओलावृष्टि ने फसलों को नुकसान पहुँचाया है।
-
राजस्थान: 13 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट है। 15 फरवरी से सर्दी विदा होने की कगार पर होगी।
-
छत्तीसगढ़ और झारखंड: यहाँ मौसम शुष्क रहेगा। छत्तीसगढ़ में अगले 3 दिनों में पारा 3 डिग्री तक चढ़ सकता है।
-
जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर में पारा -0.1 डिग्री रहा। ‘चिल्लई खुर्द’ के बीच यहाँ ठंड में हल्की कमी दर्ज की गई है।
आगामी चेतावनी (2-3 फरवरी): 2 फरवरी को एमपी, पंजाब, हरियाणा, यूपी, राजस्थान और गुजरात में बारिश की संभावना है। बिहार और असम में कोहरे के साथ हल्की बौछारें गिर सकती हैं।



