गेहूँ उपार्जन 2026-27: चार संभागों में खरीदी शुरू, 15 अप्रैल से पूरे प्रदेश में सक्रिय होंगे केंद्र

रबी विपणन वर्ष 2026-27 के तहत मध्यप्रदेश में गेहूँ उपार्जन की रणनीतिक शुरुआत हो गई है। खाद्य मंत्री श्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया कि इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम में प्रक्रिया शुरू करने के बाद अब विभाग 15 अप्रैल से प्रदेश के अन्य सभी संभागों में मोर्चा संभालेगा। विभाग ने इस वर्ष 78 लाख मीट्रिक टन के लक्ष्य को पूरा करने के लिए बारदानों की अग्रिम व्यवस्था कर ली है।
प्रशासनिक विवरण साझा करते हुए मंत्री ने बताया कि 19.04 लाख पंजीकृत किसानों के लिए उपार्जन केंद्रों पर छांव, पानी और भंडारण की व्यवस्था की गई है। उपार्जन के लिए जूट के साथ-साथ पीपी/एचडीपी बैग का भी उपयोग किया जा रहा है। वर्तमान में 45 केंद्रों पर प्रारंभिक आवक शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार, पारदर्शी भुगतान और डिजिटल स्लॉट बुकिंग के माध्यम से किसानों को अनावश्यक भीड़ और असुविधा से बचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
एक नज़र में मुख्य तथ्य:
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कुल पंजीयन: 19 लाख 4 हजार किसान (3.60 लाख की वृद्धि)।
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कुल लक्ष्य: 78 लाख मीट्रिक टन।
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कुल दर: ₹2625 प्रति क्विंटल (₹2585 MSP + ₹40 बोनस)।
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शुरुआत: 9 अप्रैल (4 संभाग), 15 अप्रैल (शेष संभाग)।



