ग्लोबल संकेतों और क्रूड की तेजी से भारतीय शेयर बाजार की रफ्तार थमी, शुरुआती मजबूती के बाद सूचकांक लाल निशान में

वैश्विक स्तर पर जारी भू-राजनीतिक उथल-पुथल और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के महंगे होने से बुधवार को घरेलू शेयर बाजार में सुस्ती का माहौल देखने को मिला। कारोबारी सत्र की शुरुआत में सूचकांकों ने सीमित दायरे में कारोबार किया, लेकिन बाद में निवेशकों की धारणा प्रभावित होने से बाजार में बिकवाली का रुख हावी हो गया।
सत्र के प्रारंभ में बीएसई का सेंसेक्स 109.08 अंक यानी 0.13 प्रतिशत चढ़कर 78,263.33 पर खुला, जो पिछले सत्र में 78,154.25 पर बंद हुआ था। वहीं एनएसई निफ्टी 50 पिछले सत्र के 24,471.70 के स्तर से मात्र 0.75 अंक की सांकेतिक बढ़त लेकर 24,472.45 के स्तर पर खुला।
जैसे-जैसे ट्रेडिंग आगे बढ़ी, दोनों सूचकांकों ने अपनी शुरुआती बढ़त गंवा दी। एक समय सेंसेक्स 0.34 प्रतिशत या 273 अंक गिरकर 77,881 के निचले स्तर तक चला गया, जबकि निफ्टी 50 भी 0.33 प्रतिशत या 81 अंक फिसलकर 24,390 के निचले स्तर पर आ गया। बाद के समय में सेंसेक्स 131 अंक (0.16 प्रतिशत) की कमजोरी के साथ 78,040 और निफ्टी 0.15 प्रतिशत की गिरावट लेकर 24,435 के स्तर पर ट्रेड करता दिखा।
ब्रॉड मार्केट में निफ्टी स्मॉलकैप 0.07 प्रतिशत के सुधार के साथ हरे निशान में रहा, जबकि निफ्टी मिडकैप 0.09 प्रतिशत टूट गया। सेक्टोरल रुझानों की बात करें तो मेटल शेयरों में अच्छी खरीदारी रही और निफ्टी मेटल इंडेक्स 0.86 प्रतिशत उछला। इसके साथ ही पीएसयू बैंक 0.60 प्रतिशत और ऑटो क्षेत्र 0.23 प्रतिशत की बढ़त हासिल करने में कामयाब रहे। दूसरी तरफ, एफएमसीजी (0.64%), रियल्टी (0.58%), हेल्थकेयर (0.41%) और आईटी इंडेक्स (0.38%) में गिरावट का रुख रहा।
दिग्गज शेयरों में मैक्स हेल्थकेयर, अपोलो हॉस्पिटल्स, बजाज फिनसर्व, टाटा कंज्यूमर, डॉ. रेड्डीज और टाइटन के शेयरों पर सबसे अधिक दबाव देखा गया। इस बीच, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ब्रेंट क्रूड 1 प्रतिशत बढ़कर 89.87 डॉलर प्रति बैरल और डब्ल्यूटीआई क्रूड 1.14 प्रतिशत बढ़कर 84.14 डॉलर प्रति बैरल हो गया। वैश्विक मोर्चे पर मंगलवार को अमेरिकी बाजारों में नैस्डैक (0.6%) और एसएंडपी 500 (0.32%) गिरावट पर बंद हुए थे, जिससे एशियाई बाजारों में भी मिला-जुला असर पड़ा; जहां हांगकांग का हैंगसेंग 1 प्रतिशत गिरा, वहीं दक्षिण कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 4 प्रतिशत से अधिक चढ़कर शीर्ष पर रहा।



