शेयर बाज़ार अपडेट

घरेलू शेयर बाजार में कारोबारी हफ्ते के पहले दिन सोमवार की सुबह मजबूती के साथ शुरुआत दर्ज की गई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की घटती कीमतों और रियल्टी क्षेत्र के शेयरों में बढ़ी लिवाली के दम पर प्रमुख सूचकांकों ने शुरुआती कारोबार में बढ़त बनाई।
शुरुआती दौर में सुबह 9:20 बजे बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 411 अंक यानी 0.55 प्रतिशत की छलांग लगाकर 74,706 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी 33 अंकों यानी 0.14 प्रतिशत की बढ़त लेकर 23,379 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। हालांकि, बड़े सूचकांकों के उलट व्यापक बाजार में नरमी का रुख देखा गया, जहां निफ्टी मिडकैप 100 में 0.19 फीसदी और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 0.04 फीसदी की सुस्ती रही।
क्षेत्रीय सूचकांकों की बात करें तो एनएसई पर मिलाजुला प्रदर्शन दर्ज हुआ। सूचना प्रौद्योगिकी (निफ्टी आईटी) और सरकारी बैंकों (पीएसयू बैंक) के शेयरों में आंशिक गिरावट आई। इसके विपरीत रियल्टी क्षेत्र में सबसे अधिक रौनक रही, जिसका सूचकांक 1.04 प्रतिशत उछला। ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी निवेशकों का रुझान दिखा और इसमें 0.65 प्रतिशत की मजबूती दर्ज की गई।
कमोडिटी बाजार के मोर्चे पर, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और रूस-यूक्रेन के बीच जारी युद्ध के बावजूद ब्रेंट क्रूड के दाम 102 डॉलर प्रति बैरल के नीचे फिसल गए। ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ के जलमार्ग से कच्चे तेल की आपूर्ति सुधरने के चलते कीमतों पर दबाव बढ़ा, जिसका सीधा लाभ घरेलू बाजार की धारणा को मिला।
वैश्विक स्तर पर एशियाई बाजारों में तकनीकी शेयरों में तेजी और तेल के दाम घटने से निवेशकों को समर्थन मिला। जापान का निक्केई 1.38 प्रतिशत और दक्षिण कोरिया का कोस्पी 1.84 प्रतिशत चढ़े। इसके अलावा चीन का शंघाई 0.58 प्रतिशत, शेनझेन 0.63 प्रतिशत तथा हांगकांग का हैंगसेंग 0.66 प्रतिशत मजबूत हुआ। इससे पूर्व अमेरिकी बाजारों में पिछले सत्र के दौरान डाउ जोंस में 0.18 प्रतिशत की गिरावट आई थी, जबकि नैस्डैक 0.4 प्रतिशत और एसएंडपी 500 0.17 प्रतिशत चढ़कर बंद हुए थे।
बाजार के तकनीकी स्तरों पर नजर डालें तो पिछले कारोबारी सत्र में 0.33 प्रतिशत चढ़कर बंद हुए निफ्टी के लिए 23,100 से 23,200 का दायरा तात्कालिक समर्थन और 23,400 से 23,500 का स्तर प्रतिरोध माना जा रहा है। बैंक निफ्टी, जो बीते सत्र में 56,073.55 के निचले स्तर से उबरकर 56,358.70 (0.54 फीसदी बढ़त) पर बंद हुआ था, के लिए 55,800-56,000 का स्तर समर्थन और 56,800-57,000 का स्तर बाधा बन सकता है। संस्थागत आंकड़ों के मुताबिक, 18 सितंबर को विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने 599 करोड़ रुपये तथा घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने 1,019 करोड़ रुपये के शेयर शुद्ध रूप से खरीदे।



