‘एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0’ ऐतिहासिक कदम: ₹15,896 करोड़ के निवेश से MP बनेगा एआई और तकनीकी हब

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेन्टर में आयोजित ‘मध्यप्रदेश टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0’ में निवेशकों को संबोधित करते हुए प्रदेश को तकनीकी विकास के स्वर्णिम युग में प्रवेश कराने का संकल्प व्यक्त किया।
महत्वाकांक्षी परियोजनाएँ और नीतियाँ:
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि मध्यप्रदेश जल्द ही स्पेस टेक पॉलिसी-2025 लागू करेगा, जिससे सैटेलाइट डेटा और स्पेस स्टार्ट-अप्स को बढ़ावा मिलेगा। भोपाल में 2000 एकड़ क्षेत्र में अत्याधुनिक नॉलेज एण्ड एआई सिटी विकसित करने की योजना है, जिसका लक्ष्य मध्य प्रदेश को भारत का एआई हब बनाना है। इसके अतिरिक्त, विज्ञान, नवाचार और तकनीकी अनुसंधान हेतु 25 एकड़ भूमि पर साइंस सिटी प्रोजेक्ट स्थापित किया जाएगा।
कॉन्क्लेव की उपलब्धियाँ (68 कार्य):
इस कॉन्क्लेव में कुल 68 कार्य निष्पादित किए गए, जिनमें उद्घाटन, भूमि-पूजन, एग्रीमेंट, एमओयू, नीति और पोर्टल लॉन्च शामिल थे। इनसे प्रदेश में कुल ₹15,896 करोड़ का निवेश आएगा, जिससे 64,850 नए रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
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एमओयू और एग्रीमेंट: 7 महत्वपूर्ण एमओयू पर हस्ताक्षर हुए (लगभग ₹800 करोड़ का निवेश, 10,500+ रोजगार), जिनमें सिलिकॉन वेफर विनिर्माण, आईटी पार्क विकास और गेमिंग जैसे क्षेत्र शामिल हैं। विशेष रूप से, भारतीय सेना के MCTE के साथ सायबर सुरक्षा और एआई में संयुक्त अनुसंधान एवं विकास के लिए एमओयू हुआ। ₹85.51 करोड़ के एग्रीमेंट में आईआईएसईआर भोपाल के सहयोग से एआई-संचालित ड्रोन प्रौद्योगिकी उत्कृष्टता केंद्र और एल एंड टी एड्यूटेक के साथ स्किल ट्रेनिंग हेतु मास्टर सर्विस एग्रीमेंट शामिल हैं।
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भूमि आवंटन एवं लोकार्पण: 9 कंपनियों को भूमि आवंटन के आशय-पत्र जारी किए गए (₹10.61 करोड़ निवेश, 740 रोजगार)। ₹257.46 करोड़ के निवेश वाली 22 नई औद्योगिक इकाइयों का लोकार्पण किया गया।
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भूमि-पूजन (4 परियोजनाएँ): कुल ₹1346.75 करोड़ के निवेश और 21,150 रोजगार सृजन वाली 4 परियोजनाओं का भूमि-पूजन हुआ। इनमें इंदौर में एलटीआई इंडस्ट्री का ₹810 करोड़ का आईटी केंद्र और डीएनआर कॉर्पोरेशन का ₹524 करोड़ का आईटी पार्क प्रमुख हैं।
शासन में सुधार:
मुख्यमंत्री ने सरकारी प्रणालियों में सुरक्षा और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए सीआईएसओ पोर्टल लॉन्च किया तथा डेटा-संचालित शासन के लिए ड्रोन डेटा रिपॉज़िटरी (DDR) का शुभारंभ किया। साथ ही, मध्यप्रदेश स्पेस टेक नीति-2025 के मसौदे का भी अनावरण किया गया।
अपर मुख्य सचिव श्री संजय दुबे ने कॉन्क्लेव को भारत की नई नीतियों (सेमीकंडक्टर, ड्रोन, स्पेस टेक) को परिभाषित करने वाला मंच बताया और कहा कि प्रदेश में रिवर्स ब्रेन ड्रेन का सकारात्मक प्रभाव दिख रहा है।



