संसद में भारी हंगामा: राहुल गांधी के भाषण पर विवाद के बाद कांग्रेस के 8 सांसद पूरे बजट सत्र के लिए सस्पेंड

नई दिल्ली: संसद के बजट सत्र का पांचवां दिन हंगामे और कड़े अनुशासनात्मक कार्रवाई की भेंट चढ़ गया। मंगलवार को लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा पूर्व सेना प्रमुख जनरल एम.एम. नरवणे की अप्रकाशित किताब का हवाला देने पर विवाद शुरू हुआ। राहुल गांधी ने दावा किया कि 31 अगस्त 2020 को लद्दाख सीमा के पास 4 चीनी टैंक पहुंच गए थे। जब उन्होंने किताब से उद्धरण पढ़ना चाहा, तो स्पीकर ने उन्हें रोक दिया, जिसके बाद विपक्ष ने उग्र प्रदर्शन किया।
हंगामे के दौरान कांग्रेस सांसदों ने सदन की मर्यादा लांघते हुए मेजों पर चढ़कर कागज फाड़े और उन्हें स्पीकर की ओर उछाला। इस अशोभनीय आचरण पर कड़ा रुख अपनाते हुए संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सांसदों को निलंबित करने का प्रस्ताव रखा। सदन ने ध्वनिमत से गुरजीत सिंह औजला, अमरिंदर सिंह राजा वडिंग, मणिक्कम टैगोर, हिबी ईडन, प्रशांत पडोले, एस वेंकटेश्वरन, किरण रेड्डी और जिन कुरियोकोज को शेष सत्र के लिए निलंबित कर दिया। इसके साथ ही लोकसभा की कार्यवाही बुधवार सुबह तक के लिए स्थगित कर दी गई।
2 अप्रैल तक चलेगा बजट सत्र: 9 महत्वपूर्ण बिलों पर निगाहें, जानें सत्र का पूरा शेड्यूल
वर्तमान बजट सत्र कुल 65 दिनों की अवधि का है, जिसमें 30 बैठकें प्रस्तावित हैं। सत्र का पहला चरण 28 जनवरी से शुरू होकर 13 फरवरी तक चलेगा। इसके बाद 9 मार्च से दूसरा चरण प्रारंभ होगा, जो अंततः 2 अप्रैल को समाप्त होगा।
वर्तमान में लोकसभा में 9 महत्वपूर्ण विधेयक लंबित हैं, जिन पर गहन चर्चा की संभावना है। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
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विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक 2025
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प्रतिभूति बाजार संहिता 2025
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संविधान (129वां संशोधन) विधेयक 2024
इन सभी विधेयकों की वर्तमान में संसदीय स्थायी या प्रवर समितियां जांच कर रही हैं। हालांकि, मंगलवार को हुए हंगामे और सांसदों के निलंबन के कारण विधायी कार्यों की गति प्रभावित हुई है। विपक्षी दल सरकार से चीन सीमा और अमेरिका के साथ व्यापारिक समझौतों पर विस्तृत स्पष्टीकरण की मांग पर अड़े हुए हैं।



