₹2700 एमएसपी पर होगी गेहूं की खरीद, किसानों को दिन में भी मिलेगी बिजली – मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को सावन के अंतिम सोमवार के अवसर पर मुख्यमंत्री निवास से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से दतिया जिले में आयोजित ‘बलराम कृषि महोत्सव’ को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार किसानों के जीवन में संपन्नता लाने और उन्हें साधन-संपन्न बनाने के लिए मिशन मोड में निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने भगवान महाकाल से प्रदेश के सभी अन्नदाताओं के घर-आंगन में समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

मुख्यमंत्री ने किसानों के हित में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं करते हुए बताया कि प्रदेश में इस वर्ष 104 लाख मीट्रिक टन गेहूं का उत्पादन दर्ज हुआ है और आने वाले समय में सरकार 2,700 रुपये प्रति क्विंटल के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर गेहूं की खरीद करेगी। इसके साथ ही गेहूं और चने की फसलों की बेहतर सिंचाई के लिए किसानों को अब रात के अलावा दिन में भी विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराई जाएगी। वित्तीय राहत देते हुए उन्होंने कहा कि खाद-बीज के लिए लिए जाने वाले ऋण को अब 31 मार्च की बाध्यता समाप्त कर जून-जुलाई में शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर चुकाने की सुविधा दी गई है।

दतिया जिले की विशिष्ट पहचान का उल्लेख करते हुए डॉ. यादव ने कहा कि यह क्षेत्र मां पीतांबरा के सुप्रसिद्ध प्रसाद और ‘एक जिला-एक उत्पाद’ योजना में शामिल दतिया के गुड़ के लिए पूरे देश में विख्यात है। उन्होंने जिले में कृषि प्रगति की सराहना करते हुए बताया कि यहां धान की पैदावार 32 क्विंटल से बढ़कर 36 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक पहुंच गई है, जबकि गेहूं और मूंगफली के रकबे में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।

सामाजिक व आर्थिक सुधारों पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने अन्नदाताओं से अपील की कि वे अपनी कृषि भूमि किसी भी स्थिति में न बेचें, क्योंकि आधुनिक तकनीकों के सहारे खेती अब एक मुनाफे के व्यवसाय में तब्दील हो रही है। उन्होंने किसानों को फिजूलखर्ची और शादियों के अनावश्यक खर्चों से बचकर बच्चों की उच्च शिक्षा पर निवेश करने की सलाह दी। साथ ही, कृषि के साथ पशुपालन, दुग्ध उत्पादन और बागवानी को बढ़ावा देने की बात कही। उन्होंने बताया कि ‘डॉ. भीमराव अम्बेडकर कामधेनु योजना’ के तहत पांच हजार निराश्रित गोवंश को आश्रय प्रदान कर गोपालन को प्रोत्साहित किया जा रहा है।

समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्राम बड़ेरा के एमएससी (कृषि) के छात्र एवं युवा कृषक हरिमोहन राजपूत से संवाद कर गन्ने की उन्नत पैदावार की जानकारी ली और मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया। महोत्सव में आयोजित कृषि प्रदर्शनी के 16 स्टॉलों में आधुनिक कृषि यंत्रों जैसे रीपर कम बाइंडर, डीएसआर मशीन, हैप्पी सीडर, सुपर सीडर, लेजर लैंड लेवलर और पावर स्प्रेयर का प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में उद्यानिकी विभाग, केवीके और ‘आत्मा’ परियोजना द्वारा जैविक व प्राकृतिक खेती की जानकारी दी गई। इस अवसर पर बलराम कृषि महोत्सव के प्रदेश प्रभारी कपिल यार्दे, विधायक घनश्याम सिंह, मेघसिंह गुर्जर, कृषि स्थायी समिति अध्यक्ष रामनरेश यादव, प्रशांत ढेंगुला और बृजेश यादव सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button