जल सुरक्षा और तकनीक का संगम: ‘स्वच्छ जल अभियान’ के जरिए देश में आदर्श प्रस्तुत करेगा मध्य प्रदेश

विशेष रिपोर्ट: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्य प्रदेश सरकार ने ‘जल सुरक्षा, संरक्षण और सुनवाई’ के त्रिसूत्रीय उद्देश्य के साथ ‘स्वच्छ जल अभियान’ की शुरुआत की है। इस अभियान की सबसे बड़ी विशेषता आधुनिक तकनीक का समावेश है, जिसमें पेयजल और सीवेज पाइपलाइनों की जीआईएस मैपिंग की जाएगी ताकि उनके इंटर-सेक्शन और लीकेज का सटीक पता लगाया जा सके।
मुख्यमंत्री ने ‘जल सुनवाई’ की व्यवस्था पर जोर देते हुए कहा कि हर मंगलवार को नागरिकों की पेयजल समस्याओं की सुनवाई होगी। इसके अलावा, सीएम हेल्पलाइन 181 पर भी शिकायतें दर्ज की जा सकेंगी। अभियान के तहत जल शोधन संयंत्रों (STP) और टंकियों की सफाई सुनिश्चित की जाएगी। डॉ. यादव ने रैंडम सैंपलिंग और नियमित गुणवत्ता जांच के निर्देश दिए हैं, ताकि दूषित पानी की सप्लाई को पूरी तरह रोका जा सके। सरकार का लक्ष्य तकनीक और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से प्रदेश को शुद्ध पेयजल के मामले में एक राष्ट्रीय मॉडल बनाना है।



