‘अभ्युदय मध्यप्रदेश’ का भव्य आगाज़: ‘असंभव’ विकास कार्यों से गढ़े गए नए पैमाने

भोपाल। मध्य प्रदेश के 70वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में, लाल परेड ग्राउंड में तीन दिवसीय भव्य उत्सव ‘अभ्युदय मध्यप्रदेश’ का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि राज्य ने पिछले दो वर्षों में कई ऐसे विकास कार्य सफलतापूर्वक पूरे किए हैं, जिन्हें पहले असंभव माना जाता था। उन्होंने जोर देकर कहा कि मध्य प्रदेश लगातार विकास के नए आयाम छू रहा है, जिसका प्रमाण 24% की उल्लेखनीय औद्योगिक विकास दर है।
धार्मिकता और वन्यजीवों को बढ़ावा:
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विरासत के संरक्षण के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विज़न की सराहना करते हुए बताया कि उज्जैन में 7 करोड़ से अधिक पर्यटक और श्रद्धालु आए हैं। उन्होंने घोषणा की कि ओंकारेश्वर में 27वां अभयारण्य शुरू किया जा रहा है, और धार्मिक आस्था के केंद्र चित्रकूट में ₹28 करोड़ से अधिक के विकास कार्य किए जाएंगे।
कनेक्टिविटी और सिंचाई का विस्तार:
परिवहन के क्षेत्र में बड़ी प्रगति करते हुए, गत दो वर्षों में दतिया, सतना और रीवा में तीन नए एयरपोर्ट शुरू किए गए हैं, और उज्जैन हवाई पट्टी को एयरपोर्ट के रूप में विकसित करने के लिए एमओयू किया गया है। सिंचाई के मोर्चे पर, केन-बेतवा, पार्वती-काली-सिंध-चंबल, और ताप्ती मेगा परियोजना सहित तीन अंतर्राज्यीय परियोजनाएँ शुरू की गई हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि मध्य प्रदेश पीएमश्री पर्यटन हेली सेवा शुरू करने वाला देश का पहला प्रांत है, और आने वाले 5 वर्षों में राज्य का बजट दोगुना हो जाएगा।
भव्य सांस्कृतिक समागम:
इस ऐतिहासिक अवसर पर संस्कृति, पर्यटन और धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री धर्मेंद्र भाव सिंह लोधी ने इसे ‘अभ्युदय मध्यप्रदेश’ का नाम दिया, जो राज्य की विरासत से विकास तक की यात्रा का उत्सव है। समारोह में 2000 ड्रोन का देश का पहला भव्य शो, जुबिन नौटियाल का जादुई संगीत और 500 कलाकारों द्वारा “विश्ववन्द – श्रीकृष्ण की सांगीतिक यात्रा” का दिव्य संगम आकर्षण का केंद्र रहा।



